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एक्शन में ‘मोहन’ सरकार: नॉन-परफॉर्मिंग मंत्रियों की छुट्टी तय? मंत्रिमंडल विस्तार में दिखेगा सीएम का असली पावर!

भोपाल/नई दिल्ली: मध्य प्रदेश की सियासत में ठंड के मौसम के बीच सियासी पारा सातवें आसमान पर है। वल्लभ भवन के गलियारों से छनकर रही खबरें बता रही हैं कि मोहन सरकार (Mohan Yadav Govt) अब अपनेसॉफ्टअवतार से बाहर निकलकर कड़े फैसले लेने के मूड में है। खबर पक्की है कि आने वाले मंत्रिमंडल विस्तार में सिर्फ चेहरे नहीं बदलेंगे, बल्किपरफॉर्मेंस‘ (Report Card) ही अब सत्ता में बने रहने का एकमात्र पैमाना होगा।

खतरे में 4 ‘माननीयोंकी कुर्सी?

सूत्रों की मानें तो सीएम मोहन यादव और केंद्रीय नेतृत्व के बीच हुई हालिया बैठकों में मंत्रियों के कामकाज का जोसीक्रेट रिपोर्ट कार्डरखा गया है, उसमें चार मंत्रियों के नंबररेड जोनमें हैं। ये वो मंत्री हैं जो या तो विवादों में रहे हैं, या फिर अपने विभाग में कोई भीइनोवेटिवकाम करने में नाकाम साबित हुए हैं।

कहा जा रहा है कि इन 4 मंत्रियों की छुट्टी करके सीएम मोहन यादव यह साफ संदेश देना चाहते हैं किकाम नहीं, तो कुर्सी नहीं।

क्या हैमोहनका रिपोर्ट कार्ड फॉर्मूला?

राजनीतिक पंडितों का मानना है कि मंत्रिमंडल विस्तार (Cabinet Expansion) महज एक औपचारिकता नहीं होगी। इसके पीछे तीन बड़े कारण हैं: 

  1. मिशन 2028 की तैयारी: सरकार अभी से अपनीडिलीवरी और परफॉर्मेंसवाली छवि को मजबूत करना चाहती है।
  1. क्षेत्रीय समीकरण: जिन क्षेत्रों को प्रतिनिधित्व कम मिला था, वहां से नए और युवा चेहरों को मौका दिया जा सकता है।
  1. ब्यूरोक्रेसी पर लगाम: मंत्रियों को हटाकर सीएम यह संदेश देंगे कि सरकार की कमान उनके हाथ में पूरी मजबूती से है।

वल्लभ भवन मेंलॉबिंगका दौर शुरू

जैसे ही यह खबर बाहर आई किचार विकेट गिर सकते हैं“, भोपाल से लेकर दिल्ली तक लॉबिंग का दौर तेज हो गया है। जो मंत्रीडेंजर जोनमें हैं, वे संघ कार्यालय और दिल्ली दरबार में अपनी हाजिरी लगा रहे हैं। वहीं, विधायक जो मंत्री बनने की कतार में हैं, उन्होंने अपने नए कुर्तेपजामे सिलवाने शुरू कर दिए हैं

सीएम कामास्टर स्ट्रोक

अगर मोहन यादव वाक़ई रिपोर्ट कार्ड के आधार पर यह कड़ा फैसला लेते हैं, तो यह मप्र की राजनीति में उनका अब तक का सबसे बड़ामास्टर स्ट्रोकहोगा। यह विस्तार केवल मंत्रिमंडल का नहीं, बल्कि मोहन यादव कीप्रशासनिक पकड़औरयोग्यताका भी प्रदर्शन होगा।

अब देखना दिलचस्प होगा कि गाज किन पर गिरती है और किसकी किस्मत का ताला खुलता है!

gaurav
Author: gaurav

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