
छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के अध्यक्ष अमित बघेल की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस ने तलाशी अभियान तेज कर दिया है। देवेंद्र नगर और कोतवाली थानों में दर्ज आपराधिक मामलों के आधार पर पुलिस ने रविवार देर रात उनके करीबियों और सहयोगियों के घरों पर दबिश दी। इस कार्रवाई के पीछे बघेल पर धार्मिक भावनाएं भड़काने और सामाजिक तनाव फैलाने के आरोप हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, बघेल के खिलाफ सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट और सार्वजनिक बयानबाजी से जुड़े कई साक्ष्य मिले हैं। रायपुर पुलिस ने इस मामले में अलग-अलग टीमें गठित की हैं, जो प्रदेश के भीतर और बाहर संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। एसएसपी डॉ. लाल उमेंद सिंह ने अपील की है कि कोई भी व्यक्ति अफवाहें न फैलाए और शांति बनाए रखने में सहयोग करे।
इस बीच, छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के समर्थकों में हलचल है। संगठन के कुछ सदस्यों ने पुलिस कार्रवाई को राजनीतिक दबाव का परिणाम बताया है, जबकि प्रशासन इसे कानून व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी कह रहा है। बघेल की गिरफ्तारी को लेकर रायपुर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है।
यह मामला छत्तीसगढ़ में सामाजिक संगठनों की भूमिका और उनके प्रभाव को लेकर एक नई बहस को जन्म दे रहा है, जहां विचारधारा और कानून के बीच संतुलन बनाए रखना प्रशासन के लिए चुनौती बनता जा रहा है।

