
कीमती धातुओं के बाजार में एक बार फिर उतार-चढ़ाव देखने को मिला है, जहाँ चांदी की कीमतों में तेज़ गिरावट दर्ज की गई है और इसके साथ ही सोना भी झटके में सस्ता हो गया है। ट्रेडिंग सत्र की शुरुआत में ही ग्लोबल मार्केट के दबाव और डॉलर इंडेक्स में मजबूती के चलते निवेशकों में अनिश्चितता बढ़ी, जिसका सीधा प्रभाव सोने-चांदी के रेट पर दिखा। विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय वायदा बाज़ार में चांदी गिरावट के साथ ट्रेड कर रही है, जिससे घरेलू बाजार में भी इसका दाम नीचे आया है। वहीं, महंगाई नियंत्रण और ब्याज दरों को लेकर फेडरल रिज़र्व की संभावित सख्ती के संकेत से सेफ-हेवन निवेश की धारणा कमजोर पड़ी है, जिसके चलते सोने में भी तेजी की रफ्तार धीमी हो गई। इसके अलावा अंतरराष्ट्रीय भू-राजनीतिक तनाव में थोड़ी राहत मिलने से भी कीमती धातुओं की मांग अस्थाई रूप से कम हुई है। इस गिरावट ने उन निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है जिन्होंने हाल ही में ऊँचे दामों पर खरीदारी की थी। ज्वेलरी कारोबारियों का कहना है कि यदि यह रुझान कुछ दिन और जारी रहा, तो बाजार में खरीददारी बढ़ सकती है क्योंकि त्योहारों और शादी-विवाह के सीजन में ग्राहक कम दामों पर अधिक मात्रा में खरीदना पसंद करते हैं। हालांकि, निवेश विशेषज्ञ अभी सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं, क्योंकि आने वाले दिनों में बाजार फिर से पलट सकता है। कुल मिलाकर, सोना और चांदी दोनों की कीमतों में आई गिरावट ने उपभोक्ताओं के लिए खरीदारी का मौका दिया है, लेकिन निवेशकों के लिए यह स्थिति सोच-समझकर कदम उठाने की है।

