
दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (IGI Airport) पर शुक्रवार सुबह अचानक आई तकनीकी खराबी ने यात्रियों को भारी परेशानी में डाल दिया। एयरपोर्ट के मुख्य सिस्टम में आई गड़बड़ी के कारण चेक-इन, बोर्डिंग और उड़ानों की समय-सारणी पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गई। शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार, इस तकनीकी संकट के चलते 100 से अधिक घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में देरी हुई है, जबकि कुछ को रद्द भी करना पड़ा।
हजारों यात्री घंटों तक टर्मिनल पर फंसे रहे, जिनमें बुजुर्ग, बच्चे और विदेशी नागरिक भी शामिल थे। सोशल मीडिया पर यात्रियों ने एयरपोर्ट प्रबंधन की लचर व्यवस्था को लेकर नाराज़गी जताई और वीडियो साझा किए, जिनमें लंबी कतारें और अफरा-तफरी का माहौल साफ देखा जा सकता है। एयरपोर्ट अथॉरिटी ने बयान जारी कर बताया कि तकनीकी टीम समस्या को हल करने में जुटी है और जल्द ही सेवाएं सामान्य करने का प्रयास किया जा रहा है।
यह घटना देश के सबसे व्यस्त हवाई अड्डों में से एक पर हुई है, जिससे न केवल यात्रियों की यात्रा प्रभावित हुई, बल्कि एयरलाइंस को भी भारी नुकसान उठाना पड़ा। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की तकनीकी विफलता एयर ट्रैफिक मैनेजमेंट और साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में गंभीर सवाल खड़े करती है। अब यात्रियों और एयरलाइंस दोनों ही एयरपोर्ट प्रबंधन से पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।

