
अमेरिका की कड़ी चेतावनी के बाद ईरान ने अपने रुख में नरमी दिखाई है। ईरान में हालिया प्रदर्शनों के दौरान कथित फांसी और हत्याओं को लेकर अंतरराष्ट्रीय दबाव बढ़ने के बीच ईरानी विदेश मंत्री ने बयान जारी कर कहा है कि किसी भी प्रदर्शनकारी को फांसी नहीं दी जा रही है।
ईरानी विदेश मंत्री के इस बयान को अमेरिका की सख्त चेतावनी के बाद उठाया गया कदम माना जा रहा है। वहीं, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने दावा किया है कि उनकी चेतावनी के बाद ईरान में प्रदर्शनकारियों की हत्याएं रुक गई हैं। ट्रम्प ने यह भी कहा कि अंतरराष्ट्रीय दबाव और अमेरिकी रुख ने ईरान को पीछे हटने पर मजबूर किया।
ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों के दौरान मानवाधिकार उल्लंघन के आरोप लगातार सामने आ रहे थे। कई देशों और संगठनों ने ईरान पर प्रदर्शनकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का आरोप लगाया था, जिसके बाद यह मामला वैश्विक स्तर पर चर्चा का विषय बन गया।
विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका की चेतावनी और अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया के चलते ईरान फिलहाल स्थिति को नियंत्रित करने और अपनी छवि सुधारने की कोशिश कर रहा है। हालांकि, जमीनी हालात क्या हैं, इस पर अब भी दुनिया की नजरें टिकी हुई हैं।

