
छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित जिले सुकमा में सुरक्षाबलों ने एक और बड़ी सफलता हासिल की है। क्षेत्र में लगातार चल रहे सर्च ऑपरेशन के दौरान जवानों को घने जंगलों में बनाई गई एक गुप्त हथियार फैक्ट्री का पता चला। मौके पर पहुंचकर जब सुरक्षाबलों ने छापेमारी की तो वहां से भारी मात्रा में हथियार, बारूद, विस्फोटक सामग्री और गोलाबारूद बरामद किया गया। बताया जा रहा है कि माओवादी संगठन इस फैक्ट्री के जरिए स्थानीय युवाओं को शामिल कर उनसे हथियार तैयार करवाते थे, ताकि सुरक्षा अभियानों के दौरान इसका उपयोग किया जा सके।
जानकारी के अनुसार, यह फैक्ट्री बेहद सुनसान इलाके में बनाई गई थी, जहां तक पहुंचना मुश्किल था। आसपास की जमीन पर नज़र रखने के लिए पहाड़ी चट्टानों पर माओवादियों ने चौकसी भी तैनात की हुई थी, लेकिन गुप्त सूचना और रणनीतिक प्लानिंग के आधार पर सुरक्षाबलों ने उन्हें चकमा देते हुए ऑपरेशन को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। बरामद हथियारों में देसी राइफल, पिस्टल, विस्फोटक डिवाइस, इलेक्ट्रिक सर्किट, जिलेटिन, बैटरियां और कई तरह के उपकरण शामिल हैं। इसके अलावा, फैक्ट्री से हथियार असेंबल करने की मशीनें और कच्चा माल भी मिला है, जिससे स्पष्ट होता है कि माओवादी बड़ी संख्या में हथियार तैयार करने की योजना बना रहे थे।
इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में तैनात सुरक्षा एजेंसियों ने आसपास के इलाकों में कॉम्बिंग ऑपरेशन और तेज कर दिया है। वरिष्ठ अधिकारियों का मानना है कि यदि यह फैक्ट्री सक्रिय रहती, तो आने वाले महीनों में माओवादी गतिविधियों में बढ़ोतरी देखी जा सकती थी। सुरक्षाबलों ने इस सफलता को नक्सली नेटवर्क पर बड़ा प्रहार बताया है। वहीं, स्थानीय प्रशासन ने लोगों को आश्वस्त किया है कि सुरक्षा बल हर मोर्चे पर चौकन्ने हैं और किसी भी आपराधिक गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

