
टीकमगढ़/ धर्मेंद्र सिंह लोधी: टीकमगढ़ में मध्य प्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ के जिला सम्मेलन में पत्रकार सुरक्षा कानून लागू करने की मांग जोरशोर से उठी। जतारा विधायक हरीशंकर खटीक ने कहा कि पत्रकारों के लिए सुरक्षा कवच जरूरी है और मुख्यमंत्री से मुरैना अधिवेशन में किए गए वादे को पूरा करने की मांग की जाएगी।
बड़ी संख्या में पत्रकार शामिल
मध्य प्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ की टीकमगढ़ जिला इकाई का जिला सम्मेलन रविवार को झांसी रोड स्थित सिल्वर रिसोर्ट में आयोजित किया गया। सम्मेलन में पत्रकार सुरक्षा कानून समेत पत्रकारों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों और जिले सहित सागर व छतरपुर संभाग से आए बड़ी संख्या में पत्रकार शामिल हुए।
स्वच्छ छवि बनाए रखने की अपील
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जतारा विधायक हरीशंकर खटीक ने कहा कि उन्होंने भी वर्ष 1984 से 1994 तक पत्रकारिता की है। उन्होंने पत्रकारिता के उस दौर के अनुभव साझा करते हुए कहा कि पत्रकार लोकतंत्र के चौथे स्तंभ हैं और मीडिया समाज को आईना दिखाने का काम करता है। उन्होंने पत्रकारों से पीत पत्रकारिता से दूर रहने और अपनी स्वच्छ छवि बनाए रखने की अपील की।
पत्रकारों की सुरक्षा के लिए कानून जरूरी
खटीक ने कहा कि पत्रकार खुद जागरूक रहकर समाज को जागरूक करने का काम करते हैं। ऐसे में पत्रकारों की सुरक्षा के लिए कानून जरूरी है। उन्होंने कहा कि पत्रकारों का सुरक्षा कवच बनना चाहिए। उन्होंने भरोसा दिलाया कि पत्रकारों के साथ मिलकर मुख्यमंत्री से मांग की जाएगी कि मुरैना अधिवेशन में पत्रकार सुरक्षा कानून को लेकर किए गए वादे को पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि पत्रकारों को अपनी मांगों के लिए आंदोलन करने की स्थिति न बने, इसके लिए सरकार को इस दिशा में पहल करनी चाहिए।
खबर में तथ्य और विश्वसनीयता जरूरी
संघ के प्रांताध्यक्ष शलभ भदौरिया ने पत्रकारिता की जिम्मेदारी पर बात करते हुए कहा कि पत्रकारों को समाज के हित में अपनी कलम का इस्तेमाल करना चाहिए। खबर को खबर की तरह ही प्रस्तुत किया जाना चाहिए और उसमें अनावश्यक मसाला नहीं जोड़ा जाना चाहिए।
उन्होंने वरिष्ठ पत्रकारों के संघर्ष और योगदान को याद करते हुए नई पीढ़ी के पत्रकारों से उनके अनुभवों से सीख लेने की अपील की। भदौरिया ने बताया कि संघ का सदस्यता अभियान इस वर्ष 1 अक्टूबर से केवल ऑनलाइन माध्यम से संचालित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि संघ पिछले करीब 20 वर्षों से पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग कर रहा है। उनके अनुसार मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मुरैना अधिवेशन में पत्रकार सुरक्षा कानून को लेकर घोषणा की थी, लेकिन अभी तक इसका क्रियान्वयन नहीं हो सका है।
‘इतिहास आपकी कलम से बनता है’
केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार ने कहा कि इतिहास आपकी कलम से बनता है। पत्रकारों के विचारों में हर दिन नवीनता रहती है। उन्होंने पत्रकार यशोवर्धन नायक, उपन्यासकार वृंदावन लाल वर्मा और शरलाक होम्स का उदाहरण देते हुए लेखनी की शक्ति पर प्रकाश डाला।
तथ्यों और विश्वसनीयता को प्राथमिकता देना जरूरी
टीकमगढ़ विधायक यादवेंद्र सिंह ने कहा कि स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान टीकमगढ़ में बनारसी दास चतुर्वेदी पत्रकारिता कर रहे थे और उन्होंने अपनी लेखनी से महत्वपूर्ण पहचान बनाई। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता की सबसे बड़ी ताकत समाचारों की विश्वसनीयता है। लगातार बदलती खबरों के दौर में तथ्यों और विश्वसनीयता को प्राथमिकता देना जरूरी है।
मीडिया से प्रशासन को भी मिलती है दिशा
कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय ने पत्रकारों को लोकतंत्र का चौथा स्तंभ बताते हुए कहा कि पत्रकार की कलम से समाज के अनेक लोगों का भला होता है। उन्होंने सड़क सुरक्षा समिति की बैठक का उदाहरण देते हुए बताया कि एक मुद्दा कई बार बैठक में उठाया गया, लेकिन जब वह मीडिया के माध्यम से सामने आया तो उसके समाधान की दिशा में कार्रवाई हुई।
तकनीकों को सीखने और उपयोग करने पर भी जोर
कलेक्टर ने कहा कि मीडिया की सक्रियता से प्रशासन को भी सही दिशा में काम करने के लिए प्रेरणा मिलती है। उन्होंने बदलती तकनीक के दौर में पत्रकारों को नई तकनीकों को सीखने और उनका उपयोग करने की जरूरत पर भी जोर दिया।
सम्मेलन में प्रदेश महासचिव सुनील त्रिपाठी, प्रदेश उपाध्यक्ष रामकिशोर अग्रवाल, प्रदेश सचिव रामशरण पाराशर, सागर संभाग अध्यक्ष दीपक सरवैया, छतरपुर संभाग अध्यक्ष सुरेंद्र अग्रवाल, सागर संभाग महासचिव दिनेश जैन शिल्पी और दमोह जिला अध्यक्ष विजय श्रीवास्तव ने भी पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग रखी। वक्ताओं ने कहा कि यदि कानून जल्द लागू नहीं किया गया तो आंदोलन का रास्ता अपनाया जा सकता है।
नगर पालिका अध्यक्ष लक्ष्मी गिरि ने भी अपने विचार रखे
कार्यक्रम में खरगापुर विधायक चंदा गौर, भाजपा जिलाध्यक्ष सरोज राजपूत, सहकारिता नेता विवेक चतुर्वेदी और पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष लक्ष्मी गिरि ने भी अपने विचार रखे।
सम्मेलन में भूमि विकास बैंक के पूर्व अध्यक्ष राजेंद्र तिवारी, जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष सूर्यप्रकाश मिश्रा, दीपक मिश्रा समेत सागर और छतरपुर संभाग के विभिन्न क्षेत्रों से आए श्रमजीवी पत्रकार मौजूद रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत जिला इकाई अध्यक्ष रघुवीर सहाय पस्तोर के स्वागत उद्बोधन से हुई। संचालन प्रदेश सचिव वीरेंद्र त्रिपाठी और संभाग उपाध्यक्ष विजय चौबे ने किया। इस अवसर पर अतिथियों और श्रमजीवी पत्रकारों को स्मृति चिन्ह भेंटकर सम्मानित किया गया। कार्यकारी जिला अध्यक्ष राजीव रावत और महासचिव संजय खरे ने आभार व्यक्त किया।
सम्मेलन में शैलेंद्र द्विवेदी, दीपक अग्रवाल, भूपेंद्र वशिष्ठ, सुबोध पाठक, शिवेंद्र सिंह यादव, संजय जैन, देवकीनंदन अग्रवाल, जीडी पांडे, पवन संज्ञा, सत्तार खान, राकेश नायक, राजेंद्र नायक, हरगोविंद चौरसिया, मुकेश गुप्ता, अरुण कुमार खरे सहित जिलेभर के पत्रकार उपस्थित रहे।
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