
शॉर्ट वीडियो प्लेटफॉर्म TikTok ने अमेरिका में मंडरा रहे बैन के खतरे को खत्म करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। कंपनी ने जॉइंट वेंचर डील पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसके तहत अमेरिका से जुड़े ऑपरेशंस में स्थानीय भागीदारी और नियंत्रण बढ़ाया जाएगा। यह समझौता डेटा सिक्योरिटी और नेशनल सिक्योरिटी से जुड़ी चिंताओं को दूर करने के लिए किया गया है, जो लंबे समय से अमेरिकी प्रशासन की मुख्य आपत्ति रही है।
इस डील के बाद TikTok के यूएस डेटा मैनेजमेंट, गवर्नेंस और ओनरशिप स्ट्रक्चर में अहम बदलाव किए जाएंगे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिकी यूज़र्स का डेटा देश के भीतर ही स्टोर और मॉनिटर किया जाएगा, ताकि विदेशी हस्तक्षेप को लेकर उठ रहे सवालों पर विराम लगाया जा सके। इससे पहले संयुक्त राज्य अमेरिका में TikTok पर प्रतिबंध या जबरन बिक्री जैसे विकल्पों पर गंभीर चर्चा चल रही थी।
टेक और बिज़नेस एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह समझौता TikTok के लिए रणनीतिक राहत लेकर आया है। अमेरिका उसके सबसे बड़े बाजारों में से एक है और बैन लगने की स्थिति में कंपनी को बड़ा झटका लग सकता था। जॉइंट वेंचर मॉडल से TikTok न सिर्फ अपना कारोबार बचाने में सफल रहा है, बल्कि उसने यह संकेत भी दिया है कि वह स्थानीय कानूनों और सुरक्षा मानकों के अनुरूप ढलने को तैयार है।

