
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने चीन और कनाडा को लेकर एक बार फिर तीखा बयान दिया है। ट्रम्प ने कहा कि अगर यही हाल रहा तो चीन एक साल के भीतर कनाडा को “खा जाएगा”। उनका इशारा कनाडा और चीन के बीच बढ़ते व्यापारिक रिश्तों की ओर था, जिसे वे अमेरिका के हितों के खिलाफ मानते हैं।
ट्रम्प का कहना है कि कनाडा, अमेरिका के बजाय चीन के साथ ज्यादा कारोबार कर रहा है। उन्होंने इसे रणनीतिक गलती बताते हुए कहा कि इससे कनाडा की आर्थिक और राजनीतिक स्वतंत्रता पर खतरा बढ़ सकता है। ट्रम्प लंबे समय से चीन को लेकर सख्त रुख अपनाते रहे हैं और यह बयान उसी कड़ी का हिस्सा माना जा रहा है।
बताया जा रहा है कि ट्रम्प गोल्डन डोम प्रोजेक्ट के विरोध को लेकर भी नाराज हैं। उनका मानना है कि यह प्रोजेक्ट अमेरिका की सुरक्षा और आर्थिक मजबूती के लिए अहम है, लेकिन इसके खिलाफ उठ रहे विरोध से वे असंतुष्ट नजर आए। इसी नाराजगी के बीच उन्होंने कनाडा और चीन के रिश्तों पर भी सवाल खड़े किए।
राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, ट्रम्प का यह बयान आगामी राजनीतिक रणनीति का हिस्सा हो सकता है। चीन विरोध और ट्रेड पॉलिसी हमेशा से उनके चुनावी एजेंडे में रही है। ऐसे बयानों से न सिर्फ अमेरिका की घरेलू राजनीति गरमाती है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी कूटनीतिक हलचल तेज हो जाती है।

