Zomato CEO Resignation – जोमैटो के CEO दीपिंदर गोयल का इस्तीफा

फूड डिलीवरी और क्विक कॉमर्स कंपनी जोमैटो में बड़ा नेतृत्व परिवर्तन देखने को मिला है। कंपनी के सह-संस्थापक और CEO दीपिंदर गोयल ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उनके स्थान पर ब्लिंकिट के संस्थापक अलबिंदर ढींडसा को जोमैटो का नया CEO नियुक्त किया गया है। इस फैसले को कंपनी के भविष्य की रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।

कंपनी की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, दीपिंदर गोयल अब रोजमर्रा के संचालन से हटकर नए आइडिया और दीर्घकालिक रणनीति पर काम करेंगे। माना जा रहा है कि गोयल कंपनी के इनोवेशन, नए बिजनेस मॉडल और भविष्य की ग्रोथ से जुड़े प्रोजेक्ट्स पर फोकस करेंगे। इससे जोमैटो को नए क्षेत्रों में विस्तार करने में मदद मिल सकती है।

वहीं, अलबिंदर ढींडसा ने ब्लिंकिट को क्विक कॉमर्स के क्षेत्र में एक मजबूत ब्रांड के रूप में स्थापित किया है। उनके नेतृत्व में ब्लिंकिट ने तेज डिलीवरी मॉडल को सफल बनाया। अब जोमैटो की कमान संभालने के बाद उनसे फूड डिलीवरी और क्विक कॉमर्स दोनों बिजनेस को और मजबूती देने की उम्मीद की जा रही है।

 

स्टार्टअप और शेयर बाजार के जानकारों का मानना है कि यह नेतृत्व बदलाव जोमैटो के लिए रणनीतिक कदम हो सकता है। अनुभवी फाउंडर्स की जोड़ी अलग-अलग भूमिकाओं में काम करके कंपनी को अगले ग्रोथ फेज में ले जा सकती है। आने वाले समय में जोमैटो की बिजनेस दिशा और फैसलों पर निवेशकों की खास नजर रहेगी।

  • Gaurav Singh

    Gaurav Singh

    Related Posts

    Gold, Silver Rate Today: MCX पर सोना-चांदी में गिरावट, जानिए आगे कैसा रह सकता है बाजार का रुख

    कमोडिटी बाजार में बुधवार को सोना और चांदी की कीमतों में हल्की गिरावट दर्ज की गई।…

    आगे पढ़ें
    दलाल स्ट्रीट का ‘रक्तपात’, आम आदमी की बचत पर ‘बुलडोजर’ या सुनहरे कल की आहट?

    नई दिल्ली/मुंबई | भारतीय शेयर बाजार इस वक्त एक ऐसे दोराहे पर खड़ा है जहां एक…

    आगे पढ़ें

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    उज्जैन में 3-5 अप्रैल 2026 को होगा अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन ‘महाकाल: द मास्टर ऑफ टाइम’ – मध्यप्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री मोहन यादव भी होंगे शामिल

    उज्जैन में 3-5 अप्रैल 2026 को होगा अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन ‘महाकाल: द मास्टर ऑफ टाइम’ – मध्यप्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री मोहन यादव भी होंगे शामिल

    ₹20,000 करोड़ MFI क्रेडिट गारंटी योजना का असर: NBFC-MFI सेक्टर को राहत या सीमित फायदा?

    ₹20,000 करोड़ MFI क्रेडिट गारंटी योजना का असर: NBFC-MFI सेक्टर को राहत या सीमित फायदा?

    बंगाल का रण और चुनाव आयोग के फैसले: क्या अधिकारियों के तबादले तय करेंगे सत्ता का भविष्य?

    बंगाल का रण और चुनाव आयोग के फैसले: क्या अधिकारियों के तबादले तय करेंगे सत्ता का भविष्य?

    राजनीति के ‘शिखर’ और जनसेवा के ‘पर्याय’: क्या अपनों की ही घेराबंदी का शिकार हो रहे हैं जननायक संजय पाठक?

    राजनीति के ‘शिखर’ और जनसेवा के ‘पर्याय’: क्या अपनों की ही घेराबंदी का शिकार हो रहे हैं जननायक संजय पाठक?

    ‘मुखिया’ की पसंद भी ठुकराई, ADG साहब की नज़र अब दिल्ली के दरबार पर

    ‘मुखिया’ की पसंद भी ठुकराई, ADG साहब की नज़र अब दिल्ली के दरबार पर