
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो पर नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने ₹22.20 करोड़ का भारी जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई दिसंबर महीने में बड़ी संख्या में उड़ानें रद्द होने और यात्रियों को हुई असुविधा के बाद की गई है। DGCA द्वारा गठित जांच कमेटी ने एयरलाइन के संचालन में गंभीर खामियों की ओर इशारा किया है।
जांच रिपोर्ट के अनुसार, दिसंबर में इंडिगो की करीब 2500 फ्लाइट्स कैंसिल हुई थीं। इससे हजारों यात्रियों की यात्रा योजनाएं प्रभावित हुईं। कमेटी ने बताया कि फ्लाइट कैंसिलेशन के पीछे कई आंतरिक और संचालन से जुड़ी समस्याएं थीं, जिनका समय रहते समाधान नहीं किया गया। DGCA ने इसे यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा के लिहाज से गंभीर चूक माना है।
जांच कमेटी ने इंडिगो की गड़बड़ियों की चार प्रमुख वजहें बताई हैं। इनमें क्रू की कमी, शेड्यूलिंग में खामियां, तकनीकी समस्याओं का सही प्रबंधन न होना और संचालन से जुड़े जोखिमों का गलत आकलन शामिल है। रिपोर्ट में कहा गया है कि एयरलाइन ने तेजी से विस्तार तो किया, लेकिन उसके अनुरूप संसाधन और तैयारी नहीं की।
DGCA का कहना है कि यह जुर्माना एयरलाइंस को चेतावनी देने के लिए है ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न हो। नियामक ने इंडिगो को अपने संचालन तंत्र में सुधार करने और यात्रियों की सुविधा को प्राथमिकता देने के निर्देश भी दिए हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक, यह कार्रवाई पूरे एविएशन सेक्टर के लिए एक कड़ा संदेश है कि नियमों और जिम्मेदारियों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।









