
इस्लामाबाद: पाकिस्तान के पूर्व नेशनल असेंबली अध्यक्ष और वरिष्ठ सांसद असद कैसर ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में पाकिस्तानी यात्रियों के साथ कथित भेदभाव का गंभीर मुद्दा उठाया है। असद कैसर ने दावा किया है कि उड़ान रद्द होने के बाद यूएई के एक होटल स्टाफ ने उनके और अन्य पाकिस्तानी यात्रियों के साथ बेहद अनुचित और अपमानजनक व्यवहार किया। उन्होंने बताया कि होटल में सार्वजनिक रूप से घोषणा की जा रही थी कि केवल भारत और अमेरिका के पासपोर्ट धारकों को ही ठहरने की जगह दी जाएगी।
संसद और सोशल मीडिया पर सांसद असद कैसर का हमला
पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ PTI के वरिष्ठ नेता और पूर्व स्पीकर असद कैसर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपनी आपबीती साझा करते हुए इस रवैये को “अत्यंत अनुचित” करार दिया। कैसर ने लिखा, “मैं स्वयं यात्रा कर रहा था और वहां जो व्यवहार दिखाया गया वह बहुत अनुचित था। हमारी उड़ान रद्द हो गई थी, जिसके बाद हम होटल में ठहरना चाहते थे। लेकिन पाकिस्तानियों के प्रति उनका रवैया ठीक नहीं था। वहां बाकायदा घोषणा की जा रही थी कि होटल में केवल भारतीय और अमेरिकी पासपोर्ट धारक यात्रियों को ही जगह (कमरा) दी जाएगी।”
सांसद असद कैसर ने इस मुद्दे को पाकिस्तान की संसद में भी प्रमुखता से उठाया और शहबाज शरीफ सरकार से यूएई अधिकारियों के सामने कूटनीतिक स्तर पर विरोध दर्ज कराने की मांग की। संसद में बोलते हुए कैसर ने कहा, “हमारे पास कूटनीतिक चैनल हैं, सरकार को यह मामला यूएई प्रशासन के समक्ष उठाना चाहिए। पाकिस्तान के लोग यूएई सरकार का सम्मान करते हैं, लेकिन अभी-अभी एक प्रतिनिधिमंडल मेरे पास आया और उन्होंने भी शिकायत की कि उनके साथ भी वहां उचित व्यवहार नहीं किया गया।”
अभिनेत्री सबा कमर का पुराना दर्द भी आया सामने
यूएई में हुई इस घटना के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पाकिस्तानी पासपोर्ट धारकों के साथ होने वाले कथित भेदभाव की पुरानी चर्चाएं भी फिर गर्म हो गई हैं। इससे पहले वर्ष 2017 में बॉलीवुड फिल्म ‘हिंदी मीडियम’ से मशहूर हुई प्रसिद्ध पाकिस्तानी अभिनेत्री सबा कमर ने भी एक टीवी इंटरव्यू के दौरान अपना ऐसा ही दर्द बयां किया था।
सबा कमर ने जॉर्जिया की राजधानी त्बिलिसी का वाकया साझा करते हुए बताया था कि जब वे अपनी फिल्म की शूटिंग के लिए वहां पहुंचीं, तो एयरपोर्ट पर उनके साथ मौजूद पूरे भारतीय क्रू (क्रू मेंबर्स) को तुरंत जाने दिया गया, लेकिन केवल पाकिस्तानी पासपोर्ट होने के कारण उन्हें रोक लिया गया। सबा कमर ने कहा था, “हम पाकिस्तान के बारे में बड़ी-बड़ी बातें करते हैं, लेकिन जब आप देश से बाहर जाते हैं और जिस तरह हमारी चेकिंग होती है, मैं बता नहीं सकती। मुझे बेहद अपमानित महसूस होता है। त्बिलिसी में पूरी भारतीय टीम को आसानी से जाने दिया गया, जबकि मुझे केवल पाकिस्तानी पासपोर्ट की वजह से रोका गया, लंबी पूछताछ हुई, इंटरव्यू लिया गया और फिर जाने दिया गया।”
पासपोर्ट रैंकिंग में भी बेहद नीचे है पाकिस्तान
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पाकिस्तानी नागरिकों और वहां के पासपोर्ट को मिलने वाले इस तरह के व्यवहार के पीछे कमजोर पासपोर्ट रैंकिंग को भी एक बड़ी वजह माना जाता है। उल्लेखनीय है कि नवीनतम वैश्विक ‘हेनले पासपोर्ट इंडेक्स 2026’ (Henley Passport Index 2026) में पाकिस्तानी पासपोर्ट दुनिया के सबसे कमजोर पासपोर्ट्स में शामिल है और इसे 102वां स्थान प्राप्त है।
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