मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा उपभोक्‍ताओं के हित में सरल एवं पारदर्शी व्यवस्था लागू

सरल संयोजन पोर्टल” के जरिए मिलेंगे विद्युतीकृत क्षेत्रों में 150 किलोवॉट भार तक के नए बिजली कनेक्शन 

भोपाल। मध्यप्रदेश मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा अपने कार्यक्षेत्र भोपाल, नर्मदापुरम, ग्‍वालियर एवं चंबल संभाग में 150 किलोवॉट भार तक के निम्‍न दाब श्रेणी के नए विद्युत कनेक्शन उपभोक्‍ताओं को प्रदान करने के लिए ऑनलाइन, सरल एवं पारदर्शी प्रक्रिया लागू की है। कंपनी के “सरल संयोजन पोर्टल” पर उपलब्‍ध इस https://saralsanyojan.mpcz.in:8888/home  लिंक के माध्‍यम से यह कनेक्‍शन ऑनलाइन मिलेंगे। नई व्यवस्था के तहत 150 किलोवॉट भार तक के नए कनेक्शन के लिए आवेदन केवल “सरल संयोजन पोर्टल” के माध्यम से ऑनलाइन ही स्वीकृत किए जाएंगे।

मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के प्रबंध संचालक श्री ऋषि गर्ग ने बताया है कि उपभोक्‍ताओं द्वारा नए कनेक्‍शन के लिए अब तक आवेदन के बाद 45 मीटर तक की सर्विस लाइन तथा आवश्यकता होने पर वितरण ट्रांसफार्मर, उच्‍च दाब/ निम्‍न दाब लाइन जैसी अन्य अधोसंरचना संबंधी निर्माण कार्य स्वयं कराना होते हैं। अब इस नई व्यवस्था में, वैध विद्युतीकृत क्षेत्रों में ऐसे सभी कार्य अब मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा कराए जाएंगे। इसके लिए शर्त है कि उपभोक्ता को मप्र विद्युत नियामक आयोग द्वारा निर्धारित रेग्‍यूलेशन में निहित प्रावधानों के अनुसार निर्धारित सप्लाई अफोर्डिंग चार्जेस का भुगतान करना होगा।

उपभोक्‍ता को रेग्‍यूलेशन में दिए गए प्रावधानों के अनुसार ऊपर दिए गए प्रावधानों में से किसी भी विकल्‍प को चुनने की स्‍वतंत्रता होगी।

यह नई व्यवस्था उपभोक्ताओं के अधिकारों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस व्यवस्था के लागू होने से 150 किलोवॉट भार तक के निम्‍न दाब श्रेणी के नए कनेक्शनों को लेने के इच्‍छुक उपभोक्ताओं को अब सर्विस लाइन और अन्‍य अधोसंरचना बनाने में होने वाली कठिनाइयों से राहत मिल सकेगी।

गौरतलब है कि मप्र मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी उपभोक्‍ता उन्‍मुखी कंपनी है और कंपनी द्वारा प्रदेश के सतत विकास के लिए तथा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के अभ्युदय मध्य प्रदेश की अवधारणा को जमीन पर उतारने के लिए निरंतर सुशासन की दिशा में कारगर कदम उठाए जा रहे हैं।

फायदे

►        इस व्यवस्था के लागू होने से लघु एवं मध्यम उद्योगों के साथ-साथ अन्य वाणिज्यिक संस्थानों, नए स्टार्टअप को नया कनेक्शन आसानी से मिल सकेगा।

►        नया कनेक्‍शन ऑनलाइन और निर्धारित समय अवधि में प्राप्त होगा।

►        नई व्‍यवस्‍था से मध्य प्रदेश के उद्योग जगत में नए युग का सूत्रपात होगा और राज्‍य में उद्योगों को लगाने के लिए “इज ऑफ डूइंग बिजनेस “ के उद्देश्य की पूर्ति हो सकेगी।

►        यह पहल मध्य प्रदेश के सतत विकास लक्ष्‍य (SDG Goals) को प्राप्त करने में सहायक होगी।

►        निरन्‍तर उद्योगों के लगने से रोजगार के नए अवसर भी उपलब्ध होंगे।

  • Shree Vishwakarma

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