
दमोह, रिपोर्टर : आकिब खान: दमोह में लोकायुक्त सागर की टीम ने सोमवार रात बड़ी कार्रवाई करते हुए शिक्षा विभाग के तीन कर्मचारियों को 80 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। यह राशि एक शिक्षक की मनमानी पदस्थापना और विभागीय जांच समाप्त करने के नाम पर ली जा रही थी।
पीड़ित शिक्षक नवेंद्र कुमार अठ्या, जो पटेरा के शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय में पदस्थ हैं, को सितंबर 2025 में एक मामले में निलंबित किया गया था। बाद में उन्हें बहाल कर तेंदूखेड़ा विकासखंड में अटैच किया गया। आरोप है कि विभागीय कर्मचारियों ने उनकी पदस्थापना संशोधन और जांच समाप्त करने के एवज में पहले 1 लाख रुपये की मांग की थी, जिसे बाद में 80 हजार रुपये में तय किया गया।
शिकायत के बाद 13 अप्रैल 2025 को लोकायुक्त सागर में मामला दर्ज किया गया, जिसकी पुष्टि 21 अप्रैल को हुई। 4 मई को पैसे देने की डील तय हुई और योजना के अनुसार शिक्षक को शासकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज के पास बुलाया गया। जैसे ही राशि का लेनदेन हुआ, लोकायुक्त टीम ने मौके पर छापेमारी कर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों में अनिल कुमार साहू (माध्यमिक शिक्षक), मनोज कुमार श्रीवास्तव (सहायक ग्रेड-2) और नीरज कुमार सोनी (सहायक ग्रेड-3) शामिल हैं। तीनों को जबलपुर नाका चौकी लाकर आगे की कार्रवाई की गई।लोकायुक्त निरीक्षक मंजू किरण तिर्की ने बताया कि यह कार्रवाई शिकायत के आधार पर ट्रैप ऑपरेशन के तहत की गई, जिसमें तीनों आरोपियों की संलिप्तता प्रमाणित हुई। इस पूरी कार्रवाई में लोकायुक्त सागर की टीम के कई अधिकारी एवं कर्मचारी शामिल रहे।
ये भी पढ़े – दमोह में खरीदी केंद्र पर घोटाले का खुलासा, किसानों से वसूली के आरोप पर कलेक्टर ने दिए FIR के निर्देश
- damoh-education-department-bribery-case-80000-lokayukt-action-2026










