
भोपाल। प्रदेश के एक बड़े जिले की जिम्मेदारी संभाल रहीं एक तेज-तर्रार आईएएस अधिकारी जल्द ही अपने पद से मुक्त हो सकती हैं। इसकी वजह कोई प्रशासनिक फेरबदल नहीं, बल्कि उच्च शिक्षा के लिए स्वीकृत की गई दो वर्ष की स्टडी लीव बताई जा रही है।
सूत्रों के अनुसार संबंधित अधिकारी को राज्य सरकार ने दो साल के अध्ययन अवकाश की मंजूरी दे दी है। इस अवधि में वे विदेश जाकर उच्च शिक्षा प्राप्त करेंगी। प्रशासनिक हलकों में इस निर्णय को लेकर चर्चा का माहौल है, क्योंकि किसी बड़े जिले में पदस्थ कलेक्टर का कार्यकाल के दौरान अवकाश लेकर पढ़ाई के लिए जाना अपेक्षाकृत कम देखने को मिलता है।
बताया जा रहा है कि अधिकारी लंबे समय से उच्च अध्ययन की योजना बना रही थीं और इसके लिए आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की जा चुकी थीं। सरकार से अनुमति मिलने के बाद अब उनके जल्द ही नई शैक्षणिक यात्रा पर निकलने की संभावना है।
प्रशासनिक जानकारों का मानना है कि उच्च शिक्षा और वैश्विक अनुभव भविष्य में प्रशासनिक कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाने में मददगार साबित हो सकते हैं। वहीं, अधिकारी के अवकाश पर जाने के बाद संबंधित जिले में नए कलेक्टर की नियुक्ति को लेकर भी चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
फिलहाल सरकार की ओर से औपचारिक घोषणा का इंतजार है, लेकिन प्रशासनिक गलियारों में इस घटनाक्रम को लेकर चर्चाएं तेज हैं।








