
शिवपुरी/ कुलदीप शर्मा: जिले में बाल विवाह रोकने और बच्चों के सुरक्षित भविष्य को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कलेक्टर एवं बाल विवाह प्रतिषेध अधिकारी अर्पित वर्मा ने जिले के सभी अभिभावकों के नाम एक खुला पत्र जारी किया है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे न केवल स्वयं बाल विवाह से दूर रहें, बल्कि अपने आसपास भी ऐसी किसी घटना की जानकारी मिलने पर तत्काल प्रशासन और पुलिस को सूचित करें।
शिक्षित बचपन ही एक सशक्त समाज की नींव
कलेक्टर अर्पित वर्मा ने अपने संदेश में कहा कि बच्चे राष्ट्र की अमूल्य धरोहर हैं और उनका सुरक्षित, स्वस्थ एवं शिक्षित बचपन ही एक सशक्त समाज की नींव है। उन्होंने कहा कि बच्चों के प्रति उपेक्षा, हिंसा, यौन शोषण, बाल श्रम और बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियां उनके विकास और भविष्य पर गंभीर प्रतिकूल प्रभाव डालती हैं। इसलिए प्रत्येक नागरिक का दायित्व है कि वह बच्चों के अधिकारों की रक्षा करते हुए उन्हें सुरक्षित और सकारात्मक वातावरण उपलब्ध कराने में अपनी भूमिका निभाए।
व्यक्तित्व निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी
उन्होंने कहा कि परिवार और समाज बच्चों के व्यक्तित्व निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। हर बच्चे को भेदभाव, शोषण, उपेक्षा और हिंसा से मुक्त वातावरण में आगे बढ़ने का अधिकार है। बच्चों के सर्वोत्तम हितों को ध्यान में रखते हुए उनके साथ संवेदनशील, मैत्रीपूर्ण और सम्मानजनक व्यवहार किया जाना चाहिए।
जागरूकता और सामुदायिक भागीदारी की कमी
कलेक्टर ने बाल विवाह को गंभीर सामाजिक बुराई बताते हुए कहा कि यह बच्चों के शिक्षा, स्वास्थ्य, आत्मनिर्भरता और बेहतर भविष्य के अधिकारों का हनन करता है। उन्होंने कहा कि बाल विवाह कानूनन दंडनीय अपराध है, लेकिन सामाजिक जागरूकता और सामुदायिक भागीदारी की कमी के कारण यह समस्या अभी भी बनी हुई है।
उन्होंने बताया कि भारत सरकार के ‘बाल विवाह मुक्त भारत अभियान’ का लक्ष्य वर्ष 2030 तक देश को बाल विवाह मुक्त बनाना है। इस लक्ष्य की प्राप्ति तभी संभव है, जब समाज का प्रत्येक व्यक्ति अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए इस अभियान का सक्रिय भागीदार बने।
बाल विवाह न करें और न होने दें
कलेक्टर अर्पित वर्मा ने सभी अभिभावकों से आग्रह किया कि वे बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और उज्ज्वल भविष्य को प्राथमिकता दें तथा किसी भी परिस्थिति में बाल विवाह न करें और न होने दें। यदि कहीं भी बाल विवाह की सूचना मिले तो तत्काल पुलिस और जिला प्रशासन को सूचित करें। उन्होंने विश्वास जताया कि जिलेवासियों के सहयोग और जागरूकता से शिवपुरी को बाल विवाह मुक्त बनाने की दिशा में उल्लेखनीय सफलता मिलेगी।
यह भी पढ़े: सुप्रीम कोर्ट में हंगामा करने वाले दो छात्र गिरफ्तार, CJI के खिलाफ अभद्र टिप्पणी का आरोप
सहायता एवं सूचना के लिए संपर्क:
* पुलिस हेल्पलाइन: 112
* चाइल्ड हेल्पलाइन: 1098
* महिला हेल्पलाइन: 181
* जिला कंट्रोल रूम: 07492 356963
- shivpuri-collector-open-letter-against-child-marriage








