
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला ने केंद्र सरकार को लेकर एक महत्वपूर्ण बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अगर केंद्र सरकार कोई अच्छा काम करती है, तो वह उसकी सराहना करने से पीछे नहीं हटेंगे, चाहे इससे कांग्रेस या किसी अन्य विपक्षी दल को असहजता ही क्यों न हो।
उमर अब्दुल्ला ने कहा कि राजनीति में विरोध का मतलब हर फैसले का विरोध करना नहीं होता। उनके अनुसार, जहां सरकार सही कदम उठाती है, वहां उसे समर्थन देना लोकतांत्रिक परंपरा का हिस्सा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि जनता के हित से जुड़ा कोई भी अच्छा काम राजनीतिक मतभेदों से ऊपर होना चाहिए।
उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब केंद्र सरकार और विपक्ष के बीच कई मुद्दों पर तीखी राजनीतिक टकराव की स्थिति बनी हुई है। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए उमर अब्दुल्ला ने स्पष्ट किया कि उनकी प्राथमिकता जम्मू-कश्मीर के लोगों का हित है, न कि किसी दल विशेष की राजनीतिक लाइन।
उन्होंने कहा कि यदि केंद्र सरकार क्षेत्र के विकास, सुरक्षा या जनकल्याण से जुड़े कदम उठाती है, तो उसकी खुले तौर पर सराहना की जानी चाहिए। साथ ही उन्होंने यह भी जोड़ा कि जहां गलत नीतियां होंगी, वहां वह आलोचना करने से भी पीछे नहीं हटेंगे।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि उमर अब्दुल्ला का यह बयान विपक्षी राजनीति में एक अलग रुख को दर्शाता है, जहां मुद्दों के आधार पर समर्थन या विरोध की बात कही जा रही है।









