
दमोह: शहर में बढ़ते इलेक्ट्रिक वाहनों के बीच बिजली चोरी का मामला भी सामने आया है। दमोह में मंगलवार को बिजली विभाग द्वारा चलाए गए विशेष जांच अभियान में 16 ई-रिक्शा सहित कई इलेक्ट्रिक वाहन अवैध रूप से बिजली से चार्ज होते पाए गए।बिजली विभाग ने मौके पर ही कार्रवाई करते हुए चार्जिंग उपकरण जब्त कर करीब 2 लाख 60 हजार रुपये का जुर्माना लगाया।
बिजली कंपनी के अधिकारियों के अनुसार वरिष्ठ कार्यालय के निर्देश पर अधीक्षण अभियंता के नेतृत्व में जिलेभर में सघन जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान ई-रिक्शा, ई-कार और स्कूटी सहित उनके चार्जिंग सिस्टम की जांच की गई। जांच के दौरान बांसा कला, सिंगपुर, पथरिया, जबेरा, नोहटा, इमलिया, तेजगढ़ और हिंडोरिया क्षेत्रों में कई वाहन संचालक चोरी की बिजली से अपने वाहन चार्ज करते पाए गए। सभी मामलों में पंचनामा बनाकर कार्रवाई की गई।
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अधिकारियों ने बताया कि जिले में इलेक्ट्रिक वाहनों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। आरटीओ के अनुसार वर्तमान में जिले में 4,272 इलेक्ट्रिक वाहन पंजीकृत हैं, जिससे बिजली नेटवर्क पर दबाव बढ़ता जा रहा है।अधीक्षण अभियंता एम.एल. साहू ने सख्त चेतावनी देते हुए कहा है कि सभी वाहन मालिक वैध कनेक्शन के माध्यम से ही चार्जिंग करें। भविष्य में चोरी करते पाए जाने पर वाहन जब्त करने की कार्रवाई की जाएगी।
बिजली विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने से पहले अपने बिजली कनेक्शन का लोड नियमानुसार बढ़वाएं। बिना लोड बढ़ाए अधिक क्षमता के उपकरण चलाने से केबल पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है, जिससे शॉर्ट सर्किट और ट्रांसफार्मर खराब होने का खतरा बढ़ सकता है।
बिजली विभाग के अनुसार इलेक्ट्रिक स्कूटी में 500 से 750 वॉट, ई-रिक्शा में करीब 1.5 किलोवाट और इलेक्ट्रिक कार में 7.5 से 11 किलोवाट तक लोड की आवश्यकता होती है।
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