
शिवपुरी/ कुलदीप शर्मा: जिले के सुरवाया थाना क्षेत्र के बिछी गांव में 26 वर्षीय विवाहिता रेणू गुर्जर की जलने से मौत के बाद मामला विवादों में घिर गया है। ससुराल पक्ष ने जहां घटना को हादसा बताते हुए कहा कि चाय बनाते समय साड़ी में आग लगने से रेणू झुलस गई थी, वहीं मायके पक्ष ने इसे दहेज प्रताड़ना के बाद की गई हत्या बताया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तहसीलदार की मौजूदगी में शव का पैनल पोस्टमार्टम कराया है।
दो साल पहले हुई थी शादी
पुलिस के अनुसार, भितरवार क्षेत्र की रहने वाली रेणू गुर्जर की शादी 11 अप्रैल 2024 को बिछी गांव निवासी नरेंद्र गुर्जर से हुई थी। बुधवार शाम गंभीर रूप से झुलसी हालत में रेणू को शिवपुरी मेडिकल कॉलेज लाया गया, लेकिन उपचार शुरू होने से पहले ही डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
ससुराल पक्ष ने बताया रसोई में हादसा
ससुराल पक्ष के अनुसार, मंगलवार दोपहर करीब 3 से 4 बजे के बीच रेणू घर में गैस पर चाय बना रही थी। इसी दौरान अचानक उसकी साड़ी में आग लग गई। आग की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलस गई। परिजनों ने उसे इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी।
यह भी पढ़े: राष्ट्रीय पुरस्कार जीतने के बाद महाकाल की शरण में पहुंचे कार्तिक आर्यन, उज्जैन में की शयन आरती
पिता ने दहेज प्रताड़ना के लगाए आरोप
मेडिकल कॉलेज पहुंचे रेणू के पिता लोटन सिंह गुर्जर ने घटना को हादसा मानने से इनकार किया। उनका आरोप है कि शादी के बाद से ही उनकी बेटी को ससुराल में प्रताड़ित किया जा रहा था। पिता ने आरोप लगाया कि पति नरेंद्र आए दिन रेणू के साथ मारपीट करता था और उसे मानसिक एवं शारीरिक रूप से परेशान किया जाता था।
बहन बोली दहेज को लेकर होता था विवाद
मृतका की बड़ी बहन कमलेश गुर्जर ने बताया कि शादी के दौरान परिवार ने करीब 11 लाख रुपये खर्च किए थे और दहेज भी दिया था। इसके बावजूद शादी के कुछ समय बाद पति और ससुराल पक्ष के लोग दहेज के सामान को लेकर ताने देने लगे। बहन का आरोप है कि रेणू के साथ अक्सर मारपीट की जाती थी।
परिजनों के अनुसार, घटना से चार-पांच दिन पहले भी रेणू के साथ मारपीट की गई थी। इसके बाद परिवार की ओर से उसके भाई को ससुराल भेजा गया था।
घटना के समय नंबर ब्लैकलिस्ट होने का आरोप
मायके पक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि घटना वाले दिन दोपहर करीब 3 से 4 बजे के बीच उन्होंने रेणू से मोबाइल पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उनके मोबाइल नंबर ब्लैकलिस्ट किए गए थे। कुछ समय बाद उन्हें रेणू के जलने की सूचना मिली, जिसके बाद परिजन अस्पताल पहुंचे।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगी आगे की कार्रवाई
यह भी पढ़े: मध्य प्रदेश में UCC विधेयक विधानसभा से पारित, पक्ष-विपक्ष में तेज हुई सियासी बयानबाज़ी
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए मेडिकल कॉलेज चौकी पुलिस ने तहसीलदार की मौजूदगी में शव का पैनल पोस्टमार्टम कराया है। पुलिस के अनुसार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट, एफएसएल जांच और दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस हादसे और परिजनों द्वारा लगाए गए दहेज प्रताड़ना के आरोपों समेत सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
- Shivpuri renu Death Case Dowry Harassment Allegation In-Laws Claim Kitchen Accident








