
सार
भोपाल/ आदि मिश्रा: सागर में जहरीली शराब पीने से हुई मौतों के मामले ने मध्य प्रदेश की सियासत गरमा दी है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने भोपाल में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर प्रदेश सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि मध्य प्रदेश में लंबे समय से जहरीली शराब का नेटवर्क सक्रिय था और इसकी जानकारी प्रशासन तक पहुंचाई गई थी, लेकिन समय रहते कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।
विस्तार
उमंग सिंघार ने दावा किया कि कांग्रेस नेताओं की ओर से जहरीली शराब के अवैध कारोबार को लेकर प्रशासन को पहले ही ज्ञापन सौंपा गया था। इसके बावजूद सरकार और प्रशासनिक तंत्र की ओर से गंभीरता नहीं दिखाई गई। सिंघार ने कहा कि अगर समय रहते शिकायतों पर कार्रवाई होती तो इतनी बड़ी संख्या में लोगों की जान जाने से बचाई जा सकती थी।
21 से ज्यादा मौतों का दावा
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सागर में जहरीली शराब की वजह से 21 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई लोग अस्पताल में भर्ती हैं और उनका इलाज चल रहा है। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम को गंभीर बताते हुए सरकार से जवाब मांगा।
सिंघार ने सवाल उठाया कि आखिर इतनी बड़ी मात्रा में अवैध और जहरीली शराब का कारोबार प्रशासन की नजरों से कैसे बचता रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि शराब के इस नेटवर्क को संरक्षण देने वाले लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।
सागर एसपी और आबकारी विभाग पर उठाए सवाल
प्रेस कॉन्फ्रेंस में उमंग सिंघार ने सागर एसपी और आबकारी विभाग के अधिकारियों की भूमिका पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने मांग की कि मामले की जांच केवल स्थानीय स्तर पर न कराकर निष्पक्ष और स्वतंत्र तरीके से कराई जाए, ताकि यह सामने आ सके कि अवैध शराब का कारोबार किन लोगों की मदद से चल रहा था।
उन्होंने कहा कि केवल छोटे स्तर पर कार्रवाई करके मामले को खत्म नहीं किया जाना चाहिए, बल्कि पूरे नेटवर्क की तह तक पहुंचना जरूरी है।
हिंदू-मुस्लिम राजनीति पर भी साधा निशाना
उमंग सिंघार ने बीजेपी पर हिंदू-मुस्लिम के नाम पर राजनीति करने का आरोप भी लगाया। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि यदि हिंदू खतरे में हैं तो सरकार और हिंदू संगठनों को इस मुद्दे पर जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार को राजनीतिक मुद्दों से हटकर जनता की सुरक्षा और जहरीली शराब से हो रही मौतों पर ध्यान देना चाहिए।
निष्पक्ष जांच की मांग
नेता प्रतिपक्ष ने सागर जहरीली शराब मामले में निष्पक्ष जांच, दोषियों की पहचान और जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका की जांच की मांग की है। उनका कहना है कि जहरीली शराब से हुई मौतों के लिए जिम्मेदार लोगों पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए अवैध शराब के नेटवर्क को पूरी तरह खत्म किया जाना चाहिए।
- Umang Singhar Attacks MP Government Over Sagar Spurious Liquor Deaths








