
बुरहानपुर में जल गंगा संवर्धन अभियान के समापन समारोह के दौरान अव्यवस्था की तस्वीर सामने आई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि एवं जिले के प्रभारी मंत्री तुलसी सिलावट के निर्धारित समय पर नहीं पहुंचने से स्कूली छात्र-छात्राओं, कॉलेज विद्यार्थियों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं, महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों तथा बड़ी संख्या में मौजूद महिलाओं को घंटों इंतजार करना पड़ा।
जानकारी के अनुसार, प्रतिभागी सुबह करीब 11 बजे ही कार्यक्रम स्थल पर पहुंच गए थे, जबकि प्रभारी मंत्री का आगमन दोपहर करीब 3 बजे हुआ। इस दौरान रिमझिम बारिश के बीच उमस और गर्मी से लोग बेहाल रहे। कई छात्र-छात्राएं रूमाल और कॉपियों से हवा करते नजर आए, जबकि महिलाएं और कर्मचारी भी लंबे इंतजार से परेशान दिखे।
कार्यक्रम में मौजूद लोगों का कहना है कि यदि बच्चों और महिलाओं को समय पर बुलाया गया था, तो कार्यक्रम भी निर्धारित समय पर शुरू होना चाहिए था। उनका आरोप है कि घंटों इंतजार के दौरान पर्याप्त सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गईं। विद्यार्थियों ने बताया कि उनकी पढ़ाई का समय भी प्रभावित हुआ।
जल संरक्षण जैसे महत्वपूर्ण अभियान के समापन समारोह में हुई इस देरी ने प्रशासनिक व्यवस्थाओं और समय पालन पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि भविष्य में ऐसे सरकारी आयोजनों में प्रतिभागियों की सुविधा और समय का कितना ध्यान रखा जाएगा।








