
नई दिल्ली/पुणे: नीट-यूजी पेपर लीक मामले में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो CBI की कार्रवाई तेज हो गई है। सीबीआई ने मंगलवार शाम को पुणे से पेपर लीक मामले में एक और छात्र को गिरफ्तार किया है। इस गिरफ्तारी के बाद मामले में पकड़े गए आरोपियों की कुल संख्या बढ़कर अब 13 हो गई है। जांच एजेंसी ने छात्र को सीबीआई कोर्ट के जज आर आर मेंडे के सामने पेश किया, जहाँ से उसे ट्रांजिट रिमांड पर दिल्ली भेजने की मंजूरी मिल गई है ताकि उससे आगे की पूछताछ की जा सके।
‘गॉड’ नाम से सेव था नंबर, मौखिक रूप से लीक हुए थे सवाल
जांच में एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि मामले के अन्य आरोपियों ने इस गिरफ्तार छात्र का मोबाइल नंबर अपने फोन में ‘गॉड’ नाम से सुरक्षित कर रखा था। सीबीआई के मुताबिक, पुणे की एक स्कूल हेडमिस्ट्रेस मनीषा हवालदार ने इस छात्र को नीट परीक्षा के फिजिक्स (भौतिक विज्ञान) के सवाल मौखिक रूप से बोलकर बताए थे। इसके बाद छात्र ने उन सवालों को कागज पर लिखा, उनकी तस्वीरें खींचीं और मनीषा के पति को भेज दीं। सबूत मिटाने के लिए बाद में उस हस्तलिखित कागज को नष्ट कर दिया गया। इस काम के बदले मनीषा हवालदार ने छात्र से मोटी रकम भी ली थी।
मनीषा हवालदार ने पूछताछ में कबूल किया है कि उन्होंने अप्रैल महीने में अपनी याददाश्त के आधार पर फिजिक्स के प्रश्न दोबारा तैयार किए थे और उन्हें छात्र के साथ साझा किया था। उन्होंने दावा किया कि यह सब उन्होंने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) के एक केमिस्ट्री विशेषज्ञ के कहने पर किया था। बाद में सह-आरोपी मनीषा मंधारे के कहने पर इन सवालों को मैसेजिंग ऐप के जरिए आगे भेजा गया। जांच में सामने आया है कि हवालदार द्वारा लीक किए गए सवाल असली नीट परीक्षा के प्रश्नों से हूबहू मेल खा रहे थे।
- cbi-arrests-student-in-neet-ug-paper-leak-case-pune-connection









