जून तिमाही में घरों की बिक्री जनवरी 2023 के बाद सबसे निचले स्तर पर, ईरान युद्ध और सप्लाई चेन संकट का असर

देश के रियल एस्टेट सेक्टर में जून तिमाही के दौरान सुस्ती देखने को मिली है। रिपोर्ट के अनुसार, जनवरी 2023 के बाद पहली बार घरों की बिक्री सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है। अप्रैल से जून की तिमाही में देश के टॉप-7 शहरों में कुल 90,715 आवासीय इकाइयों की बिक्री दर्ज की गई। विशेषज्ञों का मानना है कि पश्चिम एशिया में बढ़े तनाव, ईरान से जुड़े भू-राजनीतिक घटनाक्रम, वैश्विक सप्लाई चेन पर दबाव और खरीदारों के कमजोर होते विश्वास का सीधा असर रियल एस्टेट बाजार पर पड़ा है।

रियल एस्टेट विश्लेषकों के अनुसार, पिछले कुछ महीनों में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ी अनिश्चितता ने निवेशकों और घर खरीदने वालों की मानसिकता को प्रभावित किया है। ईरान क्षेत्र में तनाव बढ़ने से कच्चे तेल की कीमतों और वैश्विक व्यापार को लेकर चिंता बढ़ी, जिससे महंगाई और निर्माण लागत को लेकर भी आशंकाएं पैदा हुईं। ऐसे माहौल में कई खरीदारों ने नया घर खरीदने का फैसला फिलहाल टाल दिया, जिससे बिक्री के आंकड़ों में गिरावट दर्ज की गई।

विशेषज्ञों का कहना है कि सप्लाई चेन से जुड़ी चुनौतियों का असर निर्माण उद्योग पर भी दिखाई दिया। सीमेंट, स्टील, इलेक्ट्रिकल उपकरण और अन्य निर्माण सामग्री की उपलब्धता तथा लागत में उतार-चढ़ाव ने कई परियोजनाओं की गति को प्रभावित किया। हालांकि अधिकांश बड़े डेवलपर्स ने परियोजनाओं को समय पर पूरा करने का प्रयास किया, लेकिन वैश्विक परिस्थितियों का असर पूरी तरह टाला नहीं जा सका।

देश के सात प्रमुख रियल एस्टेट बाजारों—दिल्ली-एनसीआर, मुंबई महानगर क्षेत्र (MMR), पुणे, बेंगलुरु, हैदराबाद, चेन्नई और कोलकाता—में बिक्री के आंकड़ों में मिश्रित रुझान देखने को मिला। कुछ शहरों में मांग अपेक्षाकृत स्थिर रही, जबकि कई बाजारों में खरीदारों ने ऊंची ब्याज दरों, बढ़ती संपत्ति कीमतों और आर्थिक अनिश्चितताओं के कारण खरीदारी में सतर्कता बरती।

रियल एस्टेट विशेषज्ञों का मानना है कि भारतीय आवास बाजार की बुनियादी स्थिति अभी भी मजबूत बनी हुई है। शहरीकरण, रोजगार के अवसरों में वृद्धि, बेहतर आय और आवास की दीर्घकालिक मांग भविष्य में बाजार को फिर से गति दे सकती है। यदि वैश्विक हालात सामान्य होते हैं और ब्याज दरों में स्थिरता बनी रहती है, तो आने वाली तिमाहियों में घरों की बिक्री में सुधार देखने को मिल सकता है।

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gaurav singh rajput

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