
मैहर। जिले के पटेहरा क्षेत्र से सामने आई कुछ तस्वीरें सिस्टम की जमीनी हकीकत बयां कर रही हैं। यहां गैस एजेंसियों द्वारा घर-घर डिलीवरी के दावों के बीच आम लोगों को खुले आसमान के नीचे लंबी कतारों में खड़ा होकर सिलेंडर लेना पड़ रहा है।
बताया जा रहा है कि 40 से 45 डिग्री तक के तापमान में सैकड़ों लोग घंटों लाइन में खड़े रहने को मजबूर हैं। मौके पर न तो पीने के पानी की व्यवस्था है और न ही धूप से बचने के कोई इंतजाम। महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे भी इसी परेशानी का सामना कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि गैस एजेंसियों की ओर से दी जाने वाली घर पहुंच सेवा सिर्फ कागजों तक सीमित है। वास्तविकता में उपभोक्ताओं को खुद एजेंसी पहुंचकर सिलेंडर लेना पड़ रहा है, जिससे उन्हें भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
यह स्थिति न केवल अव्यवस्था को दर्शाती है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं पर भी सवाल खड़े करती है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस मामले पर जल्द संज्ञान लिया जाए और एजेंसियों को उचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए जाएं।
अब यह देखना होगा कि नवागत कलेक्टर इस समस्या पर क्या कदम उठाते हैं और आम जनता को राहत कब तक मिल पाती है।
ब्यूरो रिपोर्ट: देवेश शर्मायह भी पढ़े: रीवा में जन चौपाल पहल, पुलिस सीधे सुनेगी जनता की समस्याएं
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