
टीकमगढ़/ दित्यपाल राजपूत: जिले के जतारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक बार फिर रिश्वत लेने के आरोप सामने आए हैं। चंदपुरा निवासी एक दलित प्रसूता के परिजनों ने आरोप लगाया है कि डिलीवरी के बाद अस्पताल में पदस्थ एक स्टाफ नर्स ने ₹1,000 की राशि ली। परिजनों का यह भी दावा है कि रुपये के लेनदेन की जानकारी किसी से साझा नहीं करने के लिए भी कहा गया।
अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल
परिजनों के अनुसार, प्रसूता की डिलीवरी के बाद उनसे ₹1,000 लिए गए। उनका आरोप है कि यह राशि डिलीवरी के नाम पर मांगी गई और बाद में इस संबंध में किसी से चर्चा नहीं करने की हिदायत दी गई। मामले को लेकर परिजनों ने अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं।
किसी कर्मचारी के विरुद्ध कार्रवाई करना संभव नहीं
मामले पर खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजय अहिरवार ने कहा कि यदि शिकायतकर्ता वीडियो या अन्य ठोस साक्ष्य उपलब्ध कराते हैं तो नियमानुसार जांच कराई जाएगी और आरोप सही पाए जाने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि केवल मौखिक आरोपों के आधार पर किसी कर्मचारी के विरुद्ध कार्रवाई करना संभव नहीं है।
यदि जांच में आरोप सही साबित होते हैं, तो यह मामला सरकारी अस्पतालों में पारदर्शिता, जवाबदेही और मरीजों को मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं पर गंभीर प्रश्न खड़े कर सकता है।
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नोट: यह समाचार शिकायतकर्ता और परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों पर आधारित है। आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। मामले की जांच और संबंधित पक्ष का विस्तृत पक्ष सामने आने के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी।
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