
डबरा/ भरत रावत: डबरा में पुलिस विभाग की बैठक के दौरान लंबित अपराधों और शिकायतों के निराकरण को लेकर महत्वपूर्ण समीक्षा की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक देहात जय राज कुबेर ने बताया कि डबरा शहर थाने में लंबित मामलों की समीक्षा की जा रही है। थाना प्रभारियों और विवेचकों के साथ बैठक कर उन्हें लंबित शिकायतों और अपराधों का अधिक से अधिक संख्या में त्वरित निराकरण करने के निर्देश दिए जा रहे हैं।
पुलिस अधिकारियों का फोकस ऐसे मामलों पर है, जिनका निराकरण लंबे समय से लंबित है। अधिकारियों को मामलों की प्राथमिकता के आधार पर समीक्षा करने और आवश्यक कार्रवाई जल्द पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस को तकनीकी रूप से मजबूत बनाने की तैयारी
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जय राज कुबेर ने पुलिस के तकनीकी आधुनिकीकरण को लेकर भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मध्य प्रदेश सरकार की ओर से पुलिस विभाग को तकनीकी रूप से सक्षम बनाने के उद्देश्य से प्रदेशभर में 25 हजार टैबलेट वितरित किए गए हैं।
इसी क्रम में ग्वालियर जिले के विवेचकों को 650 टैबलेट उपलब्ध कराए गए हैं। इन टैबलेट के जरिए पुलिस की विवेचना प्रक्रिया को अधिक तकनीकी और पारदर्शी बनाने का प्रयास किया जा रहा है। इसका उद्देश्य पुलिसकर्मियों को आवश्यक जानकारी और प्रक्रियाओं तक तकनीकी माध्यम से आसान पहुंच उपलब्ध कराना है।
विवेचना में तकनीक के इस्तेमाल से आएगी तेजी
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक तकनीक का इस्तेमाल बढ़ने से विवेचना प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित बनाने में मदद मिलेगी। साथ ही फरियादियों की शिकायतों और लंबित मामलों के निराकरण में भी तेजी लाने का प्रयास किया जाएगा।
टैबलेट के जरिए पुलिसकर्मियों को कामकाज में सुविधा मिलने के साथ जांच से जुड़ी प्रक्रिया को भी अधिक प्रभावी बनाने की कोशिश की जा रही है। पुलिस विभाग का उद्देश्य तकनीक के माध्यम से कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बढ़ाना और मामलों के निराकरण में लगने वाले समय को कम करना है।
डबरा में ही दिया जाएगा विशेष प्रशिक्षण
जय राज कुबेर ने बताया कि टैबलेट उपलब्ध कराने के बाद पुलिसकर्मियों को इसके बेहतर उपयोग के लिए प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। पहले जिला स्तर पर पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा था, लेकिन अब डबरा शहर में ही विशेष ट्रेनर्स को बुलाकर स्थानीय विवेचकों को प्रशिक्षण देने की व्यवस्था की गई है।
उन्होंने बताया कि शाम 5 बजे से स्थानीय विवेचकों को टैबलेट चलाने और विवेचना के दौरान तकनीक के सही उपयोग की ट्रेनिंग दी जाएगी। प्रशिक्षण का मकसद यह है कि पुलिसकर्मियों को टैबलेट के इस्तेमाल और तकनीकी प्रक्रिया में किसी तरह की परेशानी न हो।
लंबित शिकायतों के निराकरण पर रहेगी नजर
बैठक में लंबित अपराधों और शिकायतों को लेकर भी अधिकारियों ने गंभीरता दिखाई। थाना प्रभारियों और विवेचकों को मामलों की समीक्षा कर अधिक से अधिक लंबित प्रकरणों का जल्द निराकरण करने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस विभाग की इस कवायद को तकनीक और जमीनी स्तर पर निगरानी, दोनों को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। एक ओर जहां लंबित मामलों की समीक्षा की जा रही है, वहीं दूसरी ओर विवेचकों को तकनीकी रूप से सक्षम बनाने के लिए प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि तकनीकी संसाधनों के बेहतर इस्तेमाल से विवेचना की गुणवत्ता में सुधार के साथ फरियादियों की समस्याओं के निराकरण में भी तेजी लाई जा सकेगी।
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