सीहोर में किसानों का दर्द: 44 डिग्री की तपती गर्मी में समर्थन मूल्य और मंडी व्यवस्था को लेकर उठे सवाल

सीहोर: भीषण गर्मी और 40–44 डिग्री तापमान के बीच जिले के किसान एक बार फिर अपनी मेहनत और व्यवस्था के बीच संघर्ष करते नजर आ रहे हैं। खेतों की तपिश और मंडियों की भीड़ के बीच किसान अपनी उपज बेचने के लिए लंबी कतारों में खड़े रहने को मजबूर हैं। जिले में विधानसभा चुनाव 2023 के दौरान जहां सरकार द्वारा किसानों को राहत देने के लिए सरल गेहूं खरीदी व्यवस्था लागू की गई थी, वहीं इस बार प्रक्रिया को जटिल बताया जा रहा है।

किसानों के अनुसार स्लॉट बुकिंग और नियमों की जटिलताओं के कारण खरीदी प्रभावित हो रही है। आंकड़ों के अनुसार इस वर्ष समर्थन मूल्य पर अब तक लगभग 5 लाख 13 हजार मीट्रिक टन गेहूं की खरीदी हुई है, जबकि मंडियों में करीब 7 लाख मीट्रिक टन गेहूं की बिक्री हो चुकी है। किसानों का कहना है कि मंडियों में उन्हें तुरंत भुगतान मिल रहा है, जबकि समर्थन मूल्य पर बेचने पर भुगतान प्रक्रिया में देरी हो रही है।

ये भी पढ़े – सीहोर: प्रदेश को ₹2024 करोड़ की सड़क परियोजनाओं की सौगात, CM डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह ने दी मंजूरी

कई किसानों को अभी तक उनकी फसल का भुगतान नहीं मिला है, जिसके चलते वे समितियों के चक्कर लगाने को मजबूर हैं। किसानों का यह भी कहना है कि इस बार प्रति क्विंटल 40 रुपये बोनस होने के बावजूद कई किसानों ने सरकारी केंद्रों की बजाय मंडी को चुना, क्योंकि वहां भुगतान तुरंत मिल जाता है।

कृषि विशेषज्ञों के अनुसार किसान केवल अन्नदाता नहीं बल्कि देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। खेती से न केवल खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित होती है बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था, उद्योग और निर्यात व्यवस्था भी मजबूत होती है। तेज गर्मी में ट्रैक्टरों और मंडियों की कतारों में खड़े किसान यह सवाल भी उठा रहे हैं कि इतनी मेहनत के बाद भी उन्हें समय पर उचित भुगतान क्यों नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि समाज को अपने नजरिए में बदलाव लाना होगा और किसानों को सम्मान के साथ उचित व्यवस्था भी सुनिश्चित करनी होगी, ताकि अन्नदाता को अपनी ही उपज के लिए संघर्ष न करना पड़े।

ये भी पढ़े – सीहोर में सरकारी विश्राम गृह खंडहर में तब्दील, PWD की लापरवाही पर उठे सवाल

 

  • sehore-farmers-wheat-procurement-mandi-vs-support-price-issue-heatwave
  • Brandwaani Desk

    Brandwaani Desk

    10+ वर्षों का अनुभव। हर दिन, पल-पल की खबरों के साथ। निष्पक्ष व भरोसेमंद रिपोर्टिंग, हर खबर की गहराई तक पहुँचने का प्रयास। सच्ची पत्रकारिता, आपके भरोसे के साथ।

    Related Posts

    प्रभारी मंत्री राधा सिंह ने किए मां शारदा देवी के दर्शन, मां शारदा लोक की प्रस्तावित साइट का किया निरीक्षण

    मैहर: मध्यप्रदेश शासन की पंचायत एवं ग्रामीण विकास राज्यमंत्री…

    आगे पढ़ें
    विंध्य की प्रतिभाओं पर हमें गर्व : नारायण त्रिपाठी, आईपीएल और इसरो में चयनित युवाओं को दी बधाई

    मैहर: पूर्व विधायक नारायण त्रिपाठी ने विंध्य क्षेत्र की…

    आगे पढ़ें

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    हाई कोर्ट ने भोजशाला को माना हिंदू मंदिर, एएसआई रिपोर्ट के आधार पर पूजा का अधिकार बहाल

    हाई कोर्ट ने भोजशाला को माना हिंदू मंदिर, एएसआई रिपोर्ट के आधार पर पूजा का अधिकार बहाल

    नीट पेपर लीक मामले में सीबीआई को बड़ी सफलता: राउज एवेन्यू कोर्ट ने पांचों आरोपियों को 7 दिनों की कस्टडी में भेजा

    नीट पेपर लीक मामले में सीबीआई को बड़ी सफलता: राउज एवेन्यू कोर्ट ने पांचों आरोपियों को 7 दिनों की कस्टडी में भेजा

    ब्रिक्स सम्मेलन में कूटनीतिक हलचल: पीएम मोदी से मिले ईरान के विदेश मंत्री, द्विपक्षीय संबंधों पर हुई अहम चर्चा

    ब्रिक्स सम्मेलन में कूटनीतिक हलचल: पीएम मोदी से मिले ईरान के विदेश मंत्री, द्विपक्षीय संबंधों पर हुई अहम चर्चा

    लाल किला ब्लास्ट कांड: NIA ने 10 आतंकियों के खिलाफ दाखिल की 7,500 पन्नों की चार्जशीट, डॉ. उमर उन नबी था मॉड्यूल का मास्टरमाइंड

    लाल किला ब्लास्ट कांड: NIA ने 10 आतंकियों के खिलाफ दाखिल की 7,500 पन्नों की चार्जशीट, डॉ. उमर उन नबी था मॉड्यूल का मास्टरमाइंड

    केरल के अगले मुख्यमंत्री होंगे वीडी सतीशन; 9 दिनों के सियासी सस्पेंस पर कांग्रेस ने लगाया विराम

    केरल के अगले मुख्यमंत्री होंगे वीडी सतीशन; 9 दिनों के सियासी सस्पेंस पर कांग्रेस ने लगाया विराम