आयुष्मान भारत योजना में बड़ी कार्रवाई: मानक न पूरा करने पर 200 निजी अस्पतालों पर गिरी गाज, 100 का भुगतान रोका और 100 निलंबित

लखनऊ:  उत्तर प्रदेश सरकार ने आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत मानकों का पालन नहीं करने वाले निजी अस्पतालों पर बड़ी कार्रवाई की है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग ने प्रदेशभर में समीक्षा के बाद यह कदम उठाया है। जांच में सामने आया कि कई निजी अस्पताल तय गुणवत्ता मानकों को पूरा नहीं कर रहे थे। इसके बाद सरकार ने सख्त रुख अपनाते हुए करीब 200 अस्पतालों को कार्रवाई के दायरे में लाया है। इनमें से 100 अस्पतालों का भुगतान रोक दिया गया है, जबकि 100 अस्पतालों को योजना से निलंबित कर दिया गया है।

सरकारी अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई मरीजों को बेहतर, सुरक्षित और पारदर्शी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से की गई है। सरकार का कहना है कि आयुष्मान योजना के तहत केवल उन्हीं अस्पतालों को लाभार्थियों का इलाज करने की अनुमति होगी, जो निर्धारित मानकों पर खरे उतरते हैं। स्टेट एजेंसी फॉर कॉम्प्रिहेंसिव हेल्थ एंड इंटीग्रेटेड सर्विसेज (SACHIS) की सीईओ अर्चना वर्मा ने बताया कि अस्पतालों की सूचीबद्धता और गुणवत्ता परीक्षण की प्रक्रिया को पहले से अधिक सख्त किया गया है। इसके लिए अस्पतालों का सत्यापन अस्पताल इम्पैनलमेंट मॉड्यूल (HEM 2.0) पोर्टल के माध्यम से किया जा रहा है।

ये भी पढ़े –  योगी सरकार में पिछड़ा वर्ग आयोग की बड़ी उपलब्धि: 87% से अधिक शिकायतों का निस्तारण, 2962 मामलों का समाधान

उन्होंने बताया कि नए नियमों के तहत अस्पतालों को 35 अनिवार्य मानकों को पूरा करना जरूरी है। इनमें अस्पताल का पंजीकरण, फायर सेफ्टी एनओसी, आवश्यक इंफ्रास्ट्रक्चर, योग्य डॉक्टरों की उपलब्धता और हेल्थ फैसेलिटी रजिस्ट्रेशन जैसे मानक शामिल हैं। अधिकारियों के मुताबिक नेशनल हेल्थ अथॉरिटी और स्टेट हेल्थ एजेंसी ने अस्पतालों को प्रक्रिया पूरी करने के लिए कई बार ईमेल, फोन और वर्चुअल माध्यम से मदद भी दी थी। इसके बावजूद कुछ अस्पताल समय सीमा में जरूरी मानक पूरे नहीं कर सके।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी जिन अस्पतालों में अनियमितता या लापरवाही पाई जाएगी, उनके खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। साथ ही सभी सूचीबद्ध अस्पतालों को NABH गुणवत्ता प्रमाणन प्राप्त करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा राज्य और जिला स्तर पर नियमित ऑडिट, डिजिटल हेल्थ रिकॉर्ड सिस्टम (EHR) और ABHA-आधारित HMIS प्रणाली को भी तेजी से लागू किया जा रहा है, ताकि इलाज की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और तकनीक आधारित बन सके।

सरकार का कहना है कि इस कार्रवाई का उद्देश्य गरीब और जरूरतमंद मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करना और योजना में किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकना है।

ये भी पढ़े – योगी सरकार का बड़ा मास्टर प्लान: 75 जिलों की गोशालाओं में कृषि सखियों की तैनाती, गो संरक्षण से मिलेगा रोजगार और ग्रामीण समृद्धि

  • lucknow-yogi-government-health-action-hospitals
  • Brandwaani Desk

    Brandwaani Desk

    10+ वर्षों का अनुभव। हर दिन, पल-पल की खबरों के साथ। निष्पक्ष व भरोसेमंद रिपोर्टिंग, हर खबर की गहराई तक पहुँचने का प्रयास। सच्ची पत्रकारिता, आपके भरोसे के साथ।

    Related Posts

    योगी सरकार के AI विजन को नई रफ्तार, लखनऊ बना उभरता टेक्नोलॉजी हब; ₹368 करोड़ की AI सिटी और ₹225 करोड़ के AI मिशन को मिली गति

    लखनऊ (15 मई): मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में…

    आगे पढ़ें
    योगी सरकार की मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना से 52,000 से अधिक अल्पसंख्यक जोड़ों को मिला लाभ, सामाजिक समरसता की बनी मिसाल

    लखनऊ: उत्तर प्रदेश में योगी सरकार की प्रमुख कल्याणकारी…

    आगे पढ़ें

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    हाई कोर्ट ने भोजशाला को माना हिंदू मंदिर, एएसआई रिपोर्ट के आधार पर पूजा का अधिकार बहाल

    हाई कोर्ट ने भोजशाला को माना हिंदू मंदिर, एएसआई रिपोर्ट के आधार पर पूजा का अधिकार बहाल

    नीट पेपर लीक मामले में सीबीआई को बड़ी सफलता: राउज एवेन्यू कोर्ट ने पांचों आरोपियों को 7 दिनों की कस्टडी में भेजा

    नीट पेपर लीक मामले में सीबीआई को बड़ी सफलता: राउज एवेन्यू कोर्ट ने पांचों आरोपियों को 7 दिनों की कस्टडी में भेजा

    ब्रिक्स सम्मेलन में कूटनीतिक हलचल: पीएम मोदी से मिले ईरान के विदेश मंत्री, द्विपक्षीय संबंधों पर हुई अहम चर्चा

    ब्रिक्स सम्मेलन में कूटनीतिक हलचल: पीएम मोदी से मिले ईरान के विदेश मंत्री, द्विपक्षीय संबंधों पर हुई अहम चर्चा

    लाल किला ब्लास्ट कांड: NIA ने 10 आतंकियों के खिलाफ दाखिल की 7,500 पन्नों की चार्जशीट, डॉ. उमर उन नबी था मॉड्यूल का मास्टरमाइंड

    लाल किला ब्लास्ट कांड: NIA ने 10 आतंकियों के खिलाफ दाखिल की 7,500 पन्नों की चार्जशीट, डॉ. उमर उन नबी था मॉड्यूल का मास्टरमाइंड

    केरल के अगले मुख्यमंत्री होंगे वीडी सतीशन; 9 दिनों के सियासी सस्पेंस पर कांग्रेस ने लगाया विराम

    केरल के अगले मुख्यमंत्री होंगे वीडी सतीशन; 9 दिनों के सियासी सस्पेंस पर कांग्रेस ने लगाया विराम