
सागर: बुंदेलखंड और सागर के लिए गौरव का क्षण लेकर आईं शहर की बेटी अपूर्वा दुबे वैद्य ने राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित प्रतिष्ठित ब्यूटी प्रतियोगिता ‘मिसेज एशिया पैसिफिक वर्ल्ड’ का खिताब अपना नाम कर लिया है। इस उपलब्धि के साथ अपूर्वा ने न केवल सागर बल्कि पूरे मध्यप्रदेश का नाम रोशन किया है। अब वह कनाडा में आयोजित होने वाली अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता ‘कॉस्मो वर्ल्ड वाइड’ में भारत का प्रतिनिधित्व करने की तैयारी कर रही हैं। अपूर्वा, डॉ. गिरीश मोहन दुबे की पुत्री हैं, जो सागर स्थित डॉ. हरिसिंह गौर विश्वविद्यालय के प्रतिष्ठित शिक्षकों में शामिल हैं। अपूर्वा की इस सफलता से शहर के शैक्षणिक, सांस्कृतिक और सामाजिक क्षेत्रों में खुशी का माहौल है।
अपूर्वा ने बताया कि उन्हें इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता की जानकारी अपनी एक मित्र के माध्यम से मिली थी। प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए उनके पास बहुत कम समय था, लेकिन पूर्व में विभिन्न मंचों पर प्रस्तुति देने का अनुभव और आत्मविश्वास उनके लिए सबसे बड़ी ताकत साबित हुआ। उन्होंने सीमित समय में तैयारी करते हुए प्रतियोगिता में हिस्सा लेने का फैसला किया और अंततः खिताब अपने नाम करने में सफल रहीं।
यह प्रतियोगिता 22 से 24 मई के बीच इंदौर के एक प्रतिष्ठित होटल में आयोजित की गई थी। तीन दिनों तक चले आयोजन में प्रतिभागियों को विभिन्न चरणों से गुजरना पड़ा। प्रतियोगिता के दौरान ग्रूमिंग सेशन, रैंप वॉक प्रशिक्षण, पर्सनालिटी डेवलपमेंट, शिष्टाचार प्रशिक्षण और प्रश्न-उत्तर सत्र आयोजित किए गए। इसमें दिल्ली, गुरुग्राम, मुंबई, पुणे, रतलाम सहित देश के कई प्रमुख शहरों से प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया था। नौ अलग-अलग मूल्यांकन चरणों को पार करते हुए अपूर्वा ने ग्रैंड फिनाले में अपनी जगह बनाई।
ग्रैंड फिनाले में चार प्रमुख राउंड आयोजित किए गए, जिनमें इंट्रोडक्शन राउंड, इंडियन एथनिक राउंड, इंडियन गॉडेस राउंड और अंतिम ग्रैंड फिनाले राउंड शामिल थे। इंडियन एथनिक राउंड में अपूर्वा ने पारंपरिक भारतीय संस्कृति को प्रदर्शित करते हुए आकर्षक परिधान में प्रस्तुति दी, जिसने निर्णायकों का ध्यान अपनी ओर खींचा। वहीं इंडियन गॉडेस राउंड में उन्होंने मां लक्ष्मी का स्वरूप धारण कर मंच पर ऐसी प्रस्तुति दी कि दर्शक और निर्णायक दोनों प्रभावित हुए बिना नहीं रह सके।
प्रतियोगिता के सबसे चुनौतीपूर्ण माने जाने वाले प्रश्न-उत्तर दौर में अपूर्वा ने अपनी सूझबूझ, स्पष्ट सोच और प्रभावशाली जवाबों से निर्णायक मंडल को प्रभावित किया। देशभर से आई प्रतिभागियों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा के बाद उन्होंने टॉप-15 में जगह बनाई और अंततः ‘मिसेज एशिया पैसिफिक वर्ल्ड’ का ताज अपने नाम कर लिया।
अपनी सफलता पर खुशी व्यक्त करते हुए अपूर्वा ने इसका श्रेय अपने परिवार को दिया। उन्होंने कहा कि उनके पति राहुल वैद्य, पिता डॉ. गिरीश मोहन दुबे और माता संध्या दुबे का निरंतर सहयोग, मार्गदर्शन और प्रोत्साहन उनके लिए प्रेरणा का सबसे बड़ा स्रोत रहा। उन्होंने कहा कि परिवार के समर्थन के बिना इस मुकाम तक कायम संभव नहीं था। अपूर्वा दुबे वैद्य की इस उपलब्धि ने सागर शहर को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई है। अब सभी की नजर कनाडा में होने वाली अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता पर है, जहां वह भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए वैश्विक मंच पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगी।
ये भी पढ़े – केसली शॉपिंग कॉम्प्लेक्स विवाद पर प्रशासन की सीधी दखल, 5 साल से भटक रहे दुकानदारों को मिला समाधान का भरोसा
- sagar-apurva-dubey-vaidya-wins-mrs-asia-pacific-world-title









