Delhi Police on Riot Arrests – CCTV फुटेज को बताया पुख्ता सबूत

दिल्ली की एक मस्जिद के बाहर हुई हिंसा के मामले में पुलिस ने 20 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के बाद मामला और गरमा गया है, क्योंकि एक आरोपी के परिवार ने पुलिस की थ्योरी पर सवाल उठाते हुए कहा है कि “जो व्यक्ति चल भी नहीं सकता, वह दंगों का मास्टरमाइंड कैसे हो सकता है?”

परिवार का आरोप है कि पुलिस निर्दोष लोगों को फंसा रही है और गिरफ्तार किया गया युवक शारीरिक रूप से अक्षम है। वहीं, दिल्ली पुलिस ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा है कि उनके पास CCTV फुटेज और तकनीकी सबूत मौजूद हैं, जिनके आधार पर गिरफ्तारी की गई है।

पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आया है कि हिंसा सुनियोजित थी और इसमें कई लोगों की भूमिका थी। CCTV कैमरों, मोबाइल लोकेशन और डिजिटल डेटा के जरिए आरोपियों की पहचान की गई है। पुलिस के मुताबिक, शारीरिक अक्षमता का दावा जांच से बचने का तरीका हो सकता है।

 

इस घटना को लेकर इलाके में तनाव की स्थिति बनी हुई है, हालांकि फिलहाल हालात नियंत्रण में बताए जा रहे हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि किसी भी निर्दोष को फंसाया नहीं जाएगा, लेकिन जिनके खिलाफ ठोस सबूत हैं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

  • Gaurav Singh

    Gaurav Singh

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